Edited By Tanuja,Updated: 17 Mar, 2026 02:18 PM

इजराइल ने ईरान में बड़े एयरस्ट्राइक में शीर्ष नेता अली लारिजानी को निशाना बनाया। उनकी स्थिति स्पष्ट नहीं है। साथ ही इस्लामिक जिहाद के नेताओं पर भी हमला हुआ। इस कार्रवाई से मिडिल ईस्ट में तनाव और बढ़ गया है और बड़े संघर्ष की आशंका तेज हो गई है।
International Desk: International Desk: मिडिल ईस्ट में तनाव खतरनाक मोड़ लेता दिख रहा है। इजराइल ने ईरान के वरिष्ठ नेता अली लारिजानी को एक बड़े एयरस्ट्राइक में निशाना बनाया है। इजराइली अधिकारियों के अनुसार, रातभर चले एयरस्ट्राइक में अली लारिजानी जो ईरान की नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सचिव हैं, को टारगेट किया गया। हालांकि, अभी तक यह साफ नहीं हो पाया है कि वे इस हमले में मारे गए या घायल हुए।
हमले से कुछ घंटे पहले ही लारिजानी ने दावा किया था कि ईरान को फंसाने के लिए 11 सितंबर के हमलों जैसा ही एक नया आतंकवादी हमला प्लान किया जा सकता है। बता दें कि अली लारीजानी ने X पर पोस्ट किए गए एक मैसेज में यह दावा किया। इसमें उन्होंने चेतावनी दी कि यह कथित साज़िश 9/11 के उन विनाशकारी हमलों जैसी हो सकती है, जिन्होंने 2001 में अमेरिका को हिलाकर रख दिया था। यह आरोप ऐसे समय में आया है, जब मध्य पूर्व में ईरान, अमेरिका और इज़राइल के बीच चल रहा टकराव लगातार बढ़ता जा रहा है।
ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सचिव अली लारीजानी ने आरोप लगाया कि बदनाम फाइनेंसर जेफरी एपस्टीन के नेटवर्क से जुड़े लोग एक "फॉल्स फ्लैग" ऑपरेशन की साज़िश रच रहे हैं, जिसका मकसद तेहरान को एक बड़े हमले के लिए फंसाना है। इजराइली डिफेंस सूत्रों के मुताबिक, इस हमले में अकरम अल-अजौरी समेत फिलिस्तीनी इस्लामिक जिहाद के कई बड़े नेताओं को भी निशाना बनाया गया। बताया जा रहा है कि ये सभी तेहरान में एक सुरक्षित ठिकाने पर छिपे हुए थे। एयाल जामिर (इजराइल सेना प्रमुख) ने इस ऑपरेशन की पुष्टि करते हुए कहा कि रात में “महत्वपूर्ण लक्ष्य खत्म किए गए। ” इन हमलों से इजराइल के सैन्य मिशन को बड़ा फायदा मिलेगा। हाल के दिनों में ईरान में कई “बाहरी तत्वों” को भी खत्म किया गया है।