Edited By Radhika,Updated: 09 Dec, 2023 05:42 PM

लोकतांत्रिक शासन वाला ताइवान,जिसे चीन अपना क्षेत्र होने का दावा करता है,ने पिछले चार वर्षों से द्वीप के पास नियमित चीनी सैन्य गश्त और अभ्यास की शिकायत की है। चीन के साथ ताइवान का यह मुद्दा प्रमुख है।
इंटरनेशनल डेस्क: लोकतांत्रिक शासन वाला ताइवान,जिसे चीन अपना क्षेत्र होने का दावा करता है,ने पिछले चार वर्षों से द्वीप के पास नियमित चीनी सैन्य गश्त और अभ्यास की शिकायत की है। चीन के साथ ताइवान का यह मुद्दा प्रमुख है। ताइवान में 13 जनवरी को राष्ट्रपति और संसदीय चुनाव होने हैं और प्रचार अभियान तेज़ हो गया है।

ताइवान के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि गुरुवार शाम लगभग 7.30 बजे से उसने Su-30, J-10 और J-11 लड़ाकू विमानों के साथ-साथ परमाणु सक्षम H-6 बमवर्षकों और उत्तरी और मध्य ताइवान से उड़ान भरने वाले प्रारंभिक चेतावनी विमानों का पता लगाया था। मंत्रालय ने कहा कि उनमें से तेरह विमानों ने चीनी युद्धपोतों के साथ "संयुक्त युद्ध तत्परता गश्ती" करने के लिए काम करते हुए ताइवान जलडमरूमध्य की मध्य रेखा, या आस-पास के क्षेत्रों को पार किया। मंत्रालय ने कहा, ताइवान ने निगरानी के लिए अपनी सेनाएं भेजीं।
बीते महीने, ताइवान ने चीन की वायु सेना द्वारा कम से कम चार अन्य समान बड़े पैमाने की उड़ानों की सूचना दी है, जिस पर बीजिंग ने कोई टिप्पणी नहीं की है, हालांकि वे दिन के दौरान हुई थीं। चीन के अनुसार है कि ताइवान के पास उसकी गतिविधियों का उद्देश्य ताइवान के अलगाववादियों और संयुक्त राज्य अमेरिका के बीच "मिलीभगत" को रोकना और चीन की क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा करना है। ताइवान सरकार द्वारा चीनी सरकारत के साथ बातचीत की पेशकश की है।