Edited By ,Updated: 12 Mar, 2015 01:02 AM

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यात्रा के दौरान भारत ने महत्वपूर्ण अवसंरचना परियोजनाओं के लिए मॉरीशस को 50 करोड़ डॉलर का रियायती ऋण देने की बुधवार ..
पोर्टलुई. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यात्रा के दौरान भारत ने महत्वपूर्ण अवसंरचना परियोजनाओं के लिए मॉरीशस को 50 करोड़ डॉलर का रियायती ऋण देने की बुधवार को पेशकश की है और दोनों देशोंं के बीच समुद्री अर्थव्यवस्था सहित पांच समझौतों पर हस्ताक्षर हुए। मॉरीशस के प्रधानमंत्री अनिरूद्ध जगनाथ के साथ बातचीत के बाद समझौतों पर हस्ताक्षर के वक्त मोदी ने कहा कि मैं मॉरीशस के असैन्य अवसंरचनात्मक परियोजनाओंं के लिए 50 करोड़ डॉलर के रियायती ऋण की पेशकश करके खुश हूं।
हमारी मंशा मॉरीशस में जल्द से जल्द पेट्रोलियम भंडारण के लिए गोदाम बनाने की है। उन्होंने कहा कि मेरा मानना है कि रक्षा क्षेत्र में हमारा सहयोग हमारी सामरिक साझीदारी में नींव का पत्थर है। समुद्री अर्थव्यवस्था में सहयोग का समझौता हमारी वैज्ञानिक और आर्थिक साझेदारी को मजबूत कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हैं। इसके बदले मॉरीशस ने कर मामले में भारत के साथ सूचनाएं साझा करने की पेशकश की है।
मॉरीशस में दूसरा ‘साइबर शहर’ स्थापित करने की पेशकश
भारत ने मॉरीशस में दूसरा ‘साइबर शहर’ स्थापित करने की पेशकश की है। दशकों पहले भारत की मदद से ही यहंा पहले साइबर शहर की स्थापना की गयी थी। मॉरीशस के प्रधानमंत्री के साथ अपनी बैठक को ‘‘शानदार’’ बताते हुए नरेन्द्र मोदी ने कहा कि उनकी बातचीत का परिणाम ‘‘वाकई महत्वपूर्ण’’ है। मोदी ने कहा, ‘‘अगालेगा द्वीप को विकसित करने संबंधी हमारा आज का समझौता अवसंरचना के क्षेत्र में हमारे सहयोग के लिए बहुत महत्वपूर्ण है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘लोगों के आपसी संपर्क हमारे संबंधोंं की नींव है।