Edited By rajesh kumar,Updated: 21 Sep, 2023 04:21 PM

पीयूष गोयल ने बुधवार को राज्यसभा में भारत के गगनयान मिशन की चर्चा की। उन्होंने कहा कि चंद्रयान मिशन के बाद अब भारत गगनयान मिशन की तैयारी कर रहा है। पीयूष गोयल ने बताया कि गगनयान मिशन आने वाले वर्ष 2024 के लिए प्लान किया गया है।
नेशनल डेस्क: पीयूष गोयल ने बुधवार को राज्यसभा में भारत के गगनयान मिशन की चर्चा की। उन्होंने कहा कि चंद्रयान मिशन के बाद अब भारत गगनयान मिशन की तैयारी कर रहा है। पीयूष गोयल ने बताया कि गगनयान मिशन आने वाले वर्ष 2024 के लिए प्लान किया गया है। पीयूष गोयल ने इस दौरान राज्यसभा में चंद्रयान-3, आदित्य एल-1 मिशन, स्पेस मिशन में इस्तेमाल हो रही स्वदेशी तकनीक और इसरो के वैज्ञानिकों एवं कार्यकलापों का जिक्र किया।
इस पर जवाब कांग्रेस की ओर से राज्यसभा सांसद जयराम रमेश ने दिया। जयराम ने सर्वप्रथम इसरो के वैज्ञानिकों को चंद्रयान-3 की सॉफ्ट लैंङ्क्षडग के लिए बधाई दी। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा ऐसा प्रचारित किया जा रहा है कि मानो ये उपलब्धियां केवल 2014 के बाद शुरू हुई हैं और इसके सूत्रधार केवल प्रधानमंत्री मोदी हैं। जयराम ने पंडित जवाहर लाल नेहरू व इंदिरा गांधी के विक्रम साराभाई के साथ सहयोग की बात कही। देश की आजादी के बाद किए गए स्पेस रिसर्च कार्यक्रमों का जिक्र किया। उन्होंने 1963 में किए गए पहले परीक्षण का भी उल्लेख किया। जयराम ने बताया कि पूर्व की सरकारें पूरी तरह इसरो और वैज्ञानिकों के साथ खड़ी रही हैं।