Honeymoon Couple Suicide: हनीमून में कपल के बीच हुआ झगड़ा, घर लौटते ही बिखरा सात जन्मों का रिश्ता: 48 घंटे में पत्नी-पति दोनों ने किया Suicide

Edited By Updated: 29 Dec, 2025 03:23 PM

suraj and ganvi husband wife suicide honeymoon sri lank bengaluru

29 अक्टूबर को बेंगलुरु के सूरज शिवन्ना और गानवी ने एक नई जिंदगी का आगाज किया था। शादी के बाद यह जोड़ा अपने सुनहरे भविष्य के सपने संजोकर हनीमून के लिए श्रीलंका गया था। लेकिन वहां दोनों के बीच किसी बात को लेकर विवाद इतना गहरा गया कि उन्हें अपनी यात्रा...

नेशनल डेस्क:  बेंगलुरु के एक नवविवाहित जोड़े की प्रेम कहानी का अंत इतना भयावह होगा, इसकी कल्पना शायद किसी ने नहीं की थी। सात फेरों के साथ शुरू हुआ सात जन्मों का सफर महज 8 हफ्तों के भीतर दो चिताओं और एक अस्पताल के ICU तक पहुंच गया है। श्रीलंका की वादियों से शुरू हुआ विवाद नागपुर के एक होटल के कमरे में जाकर खत्म हुआ, जिसने दो परिवारों को उम्र भर का दर्द दे दिया है।

महज दो महीने पहले, यानी 29 अक्टूबर को बेंगलुरु के सूरज शिवन्ना और गानवी ने एक नई जिंदगी का आगाज किया था। शादी के बाद यह जोड़ा अपने सुनहरे भविष्य के सपने संजोकर हनीमून के लिए श्रीलंका गया था। लेकिन वहां दोनों के बीच किसी बात को लेकर विवाद इतना गहरा गया कि उन्हें अपनी यात्रा बीच में ही खत्म करनी पड़ी। पिछले हफ्ते ही दोनों वापस लौटे थे, पर कड़वाहट कम होने के बजाय और बढ़ गई।

बीते मंगलवार को गानवी ने तनाव के चलते आत्महत्या कर ली जिसके बाद उसे गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे 'ब्रेन डेड' पाया और गुरुवार को उसने दम तोड़ दिया। गानवी की मौत के बाद मामला कानूनी पेचीदगियों में फंस गया। गानवी के माता-पिता ने सूरज और उसके परिजनों पर गंभीर आरोप लगाए:

 मायके वालों का आरोप था कि ससुराल में गानवी का अपमान किया गया और उसे दहेज के लिए प्रताड़ित किया गया। गानवी के परिवार के विरोध प्रदर्शन के बाद बेंगलुरु पुलिस ने सूरज के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज कर लिया।

नागपुर के होटल में खौफनाक अंत
बेंगलुरु में कानूनी कार्रवाई और सार्वजनिक विरोध के दबाव के बीच सूरज अपनी मां जयंती के साथ नागपुर चले गए। उन्हें लगा कि शायद दूर जाकर स्थिति संभल जाएगी, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था।  नागपुर के एक होटल में सूरज का शव फांसी के फंदे से लटका हुआ पाया गया।

 अपने बेटे को खोने के गम में मां जयंती ने भी अपनी जान देने की कोशिश की। हालांकि, वक्त रहते उन्हें बचा लिया गया, लेकिन वर्तमान में वह अस्पताल में वेंटिलेटर पर जिंदगी की जंग लड़ रही हैं। नागपुर पुलिस ने सूरज के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और बेंगलुरु पुलिस को इसकी सूचना दे दी गई है। एक ओर जहां गानवी का परिवार इंसाफ की मांग कर रहा है, वहीं दूसरी ओर सूरज के भाई संजय शिवन्ना ने इस पूरे घटनाक्रम को गहरा मानसिक आघात बताया है।

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!