Edited By Radhika,Updated: 14 Oct, 2025 01:09 PM

देश में फेस्टिव सीज़न की शुरुआत हो चुकी है। अगले हफ्ते देशभर में दीवाली का त्योहार मनाया जाने वाला है। दीवाली की शुरुआत धनतेरस वाले दिन से हो जाती है। त्योहारी सीजन में खरीदारी की शुरुआत के लिए इस बार धनतेरस (Dhanteras) से पहले ही एक अत्यंत शुभ योग...
नेशनल डेस्क: देश में फेस्टिव सीज़न की शुरुआत हो चुकी है। अगले हफ्ते देशभर में दीवाली का त्योहार मनाया जाने वाला है। दीवाली की शुरुआत धनतेरस वाले दिन से हो जाती है। त्योहारी सीजन में खरीदारी की शुरुआत के लिए इस बार धनतेरस (Dhanteras) से पहले ही एक अत्यंत शुभ योग बन रहा है। इस बार दिवाली और धनतेरस (18 अक्टूबर) से ठीक पहले 14 और 15 अक्टूबर को पुष्य नक्षत्र का खास संयोग रहेगा, जिसे खरीदारी और नए कार्यों के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है।
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24 घंटे से अधिक रहेगा पुष्य नक्षत्र का महासंयोग
ज्योतिषीय गणना के अनुसार इस बार पुष्य नक्षत्र का यह विशेष योग लगभग 24 घंटे 6 मिनट तक रहेगा। इस दौरान सिद्ध और साध्य योग भी बन रहे हैं, जिससे यह समय खरीदारी के लिए एक महा मुहूर्त बन गया है। ऐसा माना जाता है कि दीपावली से लगभग सात दिन पहले पुष्य नक्षत्र आता है और इसी दिन से लोग दिवाली की मुख्य खरीदारी शुरू करते हैं। इस दिन नया काम या व्यापार शुरू करना भी बहुत शुभ माना जाता है।

सोना, चांदी और रियल एस्टेट में निवेश का शुभ समय
पंचांग के अनुसार पुष्य नक्षत्र का योग 14 अक्टूबर को दोपहर 11 बजकर 54 मिनट से शुरू होकर 15 अक्टूबर को दोपहर 11 बजकर 59 मिनट तक रहेगा। यह योग सोना और चांदी की खरीदी के लिए सबसे शुभ माना जाता है, क्योंकि इस नक्षत्र में की गई खरीदारी स्थायी लाभ देती है। जो लोग भूमि, घर या अन्य संपत्ति में निवेश करना चाहते हैं, उनके लिए यह समय बेहद शुभ है। इस समय किया गया रियल एस्टेट में निवेश लंबे समय तक फायदा देने वाला माना जाता है। धनतेरस की तरह ही, इस नक्षत्र में वाहन, इलेक्ट्रॉनिक्स और अन्य संपत्ति की खरीदारी करना भी अत्यंत मंगलकारी माना जाता है।
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पुष्य नक्षत्र का महत्व
ज्योतिष शास्त्र में पुष्य नक्षत्र को 27 नक्षत्रों में आठवें स्थान पर रखा गया है और इसे सबसे शुभ, पुण्य और पवित्र माना जाता है। इसकी राशि कर्क (Cancer) है। माना जाता है कि पुष्य नक्षत्र में किए गए कार्यों में सफलता निश्चित होती है।
खरीदारी के शुभ चौघड़िया मुहूर्त
