Edited By jyoti choudhary,Updated: 19 Feb, 2026 04:34 PM

भारतीय शेयर बाजारों में 19 फरवरी को जोरदार बिकवाली देखने को मिली। कारोबारी सत्र के अंत में 30 शेयरों वाला BSE Sensex 1236.11 अंक यानी 1.48% की गिरावट के साथ 82,498.14 पर बंद हुआ। वहीं 50 शेयरों वाला NSE Nifty 50 365 अंक (1.41%) टूटकर 25,454.35 पर...
बिजनेस डेस्कः भारतीय शेयर बाजारों में 19 फरवरी को जोरदार बिकवाली देखने को मिली। कारोबारी सत्र के अंत में 30 शेयरों वाला BSE Sensex 1236.11 अंक यानी 1.48% की गिरावट के साथ 82,498.14 पर बंद हुआ। वहीं 50 शेयरों वाला NSE Nifty 50 365 अंक (1.41%) टूटकर 25,454.35 पर बंद हुआ। गिरावट चौतरफा रही और सभी सेक्टोरल इंडेक्स लाल निशान में बंद हुए। बाजार में आए भूचाल ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है और एक ही दिन में ₹7.57 लाख करोड़ डूब गए।
क्यों टूटा बाजार?
1. US-Iran तनाव
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव से युद्ध की आशंका ने निवेशकों को सतर्क कर दिया। इससे वैश्विक स्तर पर जोखिम लेने की क्षमता कम हुई।
2. कच्चे तेल में उछाल
तनाव के चलते Brent Crude 71 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया। तेल कीमतों में तेजी से आयात-निर्भर देशों जैसे भारत पर दबाव बढ़ने की आशंका रहती है।
3. कमजोर ग्लोबल संकेत
अंतरराष्ट्रीय बाजारों से मिले नकारात्मक संकेतों ने भी घरेलू बाजार के सेंटीमेंट को प्रभावित किया।
सेक्टोरल इंडेक्स में भारी दबाव
रियल्टी, पावर, ऑटो और यूटिलिटी सेक्टर में सबसे ज्यादा गिरावट
निफ्टी बैंक इंडेक्स 811 अंक गिरकर 60,740 पर
मिडकैप इंडेक्स 956 अंक टूटकर 59,228 पर
निवेशकों के ₹7.57 लाख करोड़ स्वाहा
बीएसई में सूचीबद्ध कंपनियों का कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन घटकर 464.46 लाख करोड़ रुपए पर आ गया, जो पिछले सत्र में 472.01 लाख करोड़ रुपए था। इस तरह एक ही दिन में निवेशकों की संपत्ति करीब 7.57 लाख करोड़ रुपए घट गई।