Edited By Sarita Thapa,Updated: 21 May, 2026 01:09 PM

हिंदू धर्म में स्कंद षष्ठी का बहुत महत्व है। स्कंद षष्ठी का दिन भगवान कार्तिकेय जी की पूजा करने और आशीर्वाद प्राप्त करने के लिए बहुत खास माना जाता है। हिंदू धर्म में कार्तिकेय की पूजा साहस, विजय और सकारात्मक ऊर्जा के प्रतीक के रूप में की जाती है।
Morpankh Vastu Tips : हिंदू धर्म में स्कंद षष्ठी का बहुत महत्व है। स्कंद षष्ठी का दिन भगवान कार्तिकेय जी की पूजा करने और आशीर्वाद प्राप्त करने के लिए बहुत खास माना जाता है। हिंदू धर्म में कार्तिकेय की पूजा साहस, विजय और सकारात्मक ऊर्जा के प्रतीक के रूप में की जाती है। मान्यता है कि इस दिन घर में मोरपंख रखने से घर में सकारात्मक ऊर्जा का वास होता है और मन की हर मनोकामना पूरी होती है। मोरपंख कार्तिकेय जी को बहुत प्रिय है। वास्तु शास्त्र में मोरपंख का बहुत खास महत्व है। यही कारण है कि स्कंद षष्ठी के दिन मोरपंख से जुड़े कुछ उपायों को विशेष महत्व दिया जाता है। तो आइए जानते हैं कि मोरपंख से वास्तु उपायों के बारे में-
किस दिशा में रखें मोरपंख
वास्तु के अनुसार, घर की पूर्व या उत्तर दिशा में मोरपंख रखना बहुत शुभ माना जाता है। इस दिशा में मोरपंख रखने से घर से नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और शांति का माहौल बना रहता है। साथ ही अगर मोरपंख को पूजा घर में रखा जाएं, तो परिवार के सदस्यों के बीच प्रेम और मधुरता बनी रहती है।

स्कंद षष्ठी पर कैसे करें यह उपाय
एक चौकी पर कार्तिकेय जी की मूर्ति स्थापित करें।
कार्तिकेय जी के समक्ष घी का दीपक जलाएं और आरती करें।
मोरपंख को साफ कपड़े से पोंछकर शुभ दिशा में रखें।
कार्तिकेय जी की पूजा करते समय सकारात्मक भावना और श्रद्धा बनाए रखें।

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