Edited By Pardeep,Updated: 22 May, 2026 02:40 AM

शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती अपनी 'गौ रक्षा यात्रा' के दौरान अमेठी पहुंचे, जहां श्रद्धालुओं ने उनका भव्य स्वागत किया। हालांकि, इस दौरान उन्होंने उत्तर प्रदेश की योगी सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए गौ संरक्षण के दावों पर गंभीर सवाल खड़े...
नेशनल डेस्क: शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती अपनी 'गौ रक्षा यात्रा' के दौरान अमेठी पहुंचे, जहां श्रद्धालुओं ने उनका भव्य स्वागत किया। हालांकि, इस दौरान उन्होंने उत्तर प्रदेश की योगी सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए गौ संरक्षण के दावों पर गंभीर सवाल खड़े किए।
योगी सरकार पर सीधा निशाना
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर निशाना साधते हुए शंकराचार्य ने कहा कि केवल प्रतीकात्मक रूप से गाय को गुड़-रोटी खिलाने या गौशाला चलाने से कोई व्यक्ति सच्चा गौभक्त नहीं बन जाता। उन्होंने मांग की कि यदि सरकार वास्तव में गौभक्त है, तो उसे गाय को 'पशु' की श्रेणी से हटाकर आधिकारिक तौर पर “गौ माता” घोषित करना चाहिए। उन्होंने तीखी टिप्पणी करते हुए कहा कि जब कोई अपनी माता को माता कहने में ही संकोच करे, तो उससे गौ रक्षा की क्या उम्मीद की जा सकती है।
गौशालाओं की दयनीय स्थिति पर नाराजगी
शंकराचार्य ने प्रदेश की गौशालाओं की स्थिति को लेकर भी सरकार को कटघरे में खड़ा किया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार करोड़ों रुपये के बजट का दावा करती है, लेकिन जमीन पर गायों को पर्याप्त चारा, पानी और दवाइयां तक नहीं मिल पा रही हैं। उन्होंने बताया कि यात्रा के दौरान उन्हें ऐसी जानकारी मिली है कि कई जगहों पर बेसहारा गायों को कुत्तों द्वारा नोचे जाने जैसी हृदयविदारक घटनाएं हो रही हैं।
80 से ज्यादा विधानसभा क्षेत्रों का दौरा
मीडिया से बातचीत में शंकराचार्य ने बताया कि यह यात्रा गोरखपुर से शुरू हुई है और अब तक वह लगभग 80 से 90 विधानसभा क्षेत्रों का दौरा कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि वह जहां भी जा रहे हैं, वहां लोगों में गौवंश की बदहाली को लेकर भारी चिंता और आक्रोश दिखाई दे रहा है।
गौ रक्षा अब बड़ा चुनावी मुद्दा
शंकराचार्य ने स्पष्ट किया कि अब जनता केवल बिजली, पानी और विकास तक सीमित नहीं है, बल्कि गौ माता की रक्षा एक बड़ा चुनावी मुद्दा बन चुकी है। उन्होंने दावा किया कि जो लोग इस उम्मीद में वर्तमान सरकार को सत्ता में लाए थे कि गौ रक्षा को प्राथमिकता मिलेगी, वे अब वर्तमान हालातों से बेहद निराश हैं