Edited By Prachi Sharma,Updated: 27 Jan, 2026 12:15 PM

Perfect Marriage Astrology : भारतीय ज्योतिष और पौराणिक कथाओं में भगवान शिव और माता पार्वती के विवाह को सृष्टि का सबसे आदर्श विवाह माना जाता है। यह केवल दो व्यक्तियों का मिलन नहीं, बल्कि पुरुष और प्रकृति का एकीकरण है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, कुछ...
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Perfect Marriage Astrology : भारतीय ज्योतिष और पौराणिक कथाओं में भगवान शिव और माता पार्वती के विवाह को सृष्टि का सबसे आदर्श विवाह माना जाता है। यह केवल दो व्यक्तियों का मिलन नहीं, बल्कि पुरुष और प्रकृति का एकीकरण है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, कुछ राशियां ऐसी होती हैं जिनका मेल इतना गहरा और सामंजस्यपूर्ण होता है कि उन्हें शिव-पार्वती की संज्ञा दी जाती है। ये जोड़ियां न केवल एक-दूसरे के पूरक होती हैं, बल्कि जीवन के उतार-चढ़ाव में एक-दूसरे की ढाल बनकर खड़ी रहती हैं। आइए जानते हैं वे कौन सी राशियां हैं जिनका गठबंधन वैवाहिक जीवन में अटूट और आदर्श माना जाता है।
मेष और धनु
मेष और धनु दोनों ही अग्नि तत्व की राशियां हैं। इनका मेल ऊर्जा, साहस और जीवन के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण का संगम है। मेष राशि का जातक नेतृत्व करना पसंद करता है, जबकि धनु राशि का व्यक्ति खुले विचारों वाला और दार्शनिक होता है। ये दोनों एक-दूसरे की स्वतंत्रता का सम्मान करते हैं। जैसे शिव वैरागी थे लेकिन पार्वती के समर्पण ने उन्हें गृहस्थ बनाया, वैसे ही धनु का मेष के प्रति समर्पण उनके जीवन को स्थिरता देता है।
वृषभ और कन्या
पृथ्वी तत्व की ये दोनों राशियां व्यावहारिक और जमीन से जुड़ी होती हैं। इनका रिश्ता विश्वास की मजबूत नींव पर टिका होता है। वृषभ को स्थिरता पसंद है और कन्या राशि के जातक अपनी देखभाल करने वाली प्रकृति के लिए जाने जाते हैं। ये दोनों दिखावे से दूर रहकर एक शांत और सुखी जीवन जीने में विश्वास रखते हैं। इनका प्रेम शांत लेकिन बेहद गहरा होता है। ये एक-दूसरे की छोटी-छोटी जरूरतों का ध्यान रखते हैं, जो इन्हें एक आदर्श जोड़ा बनाता है।
मिथुन और तुला
वायु तत्व की ये राशियां संवाद और समझदारी के दम पर अपने रिश्ते को अमर बनाती हैं। मिथुन राशि के लोगों को बातचीत पसंद है और तुला राशि के लोग संतुलन बनाए रखने में माहिर होते हैं। इनके बीच कभी संवादहीनता नहीं होती, जिससे गलतफहमियां पनप ही नहीं पातीं। शिव और पार्वती के बीच का संवाद ज्ञान का स्रोत है। इसी तरह, यह जोड़ी एक-दूसरे की सबसे अच्छी मित्र और मार्गदर्शक होती है।

कर्क और मीन
जल तत्व की ये राशियां भावनाओं के सागर में एक-दूसरे के साथ तैरती हैं। इनका रिश्ता रूहानी होता है। कर्क राशि सुरक्षा चाहती है और मीन राशि निस्वार्थ प्रेम देने के लिए जानी जाती है। ये एक-दूसरे के मन की बात बिना कहे समझ लेते हैं। इनका मेल अर्धनारीश्वर स्वरूप जैसा होता है, जहाँ एक के बिना दूसरा अधूरा महसूस करता है। इनके बीच का त्याग और ममता इन्हें समाज के लिए मिसाल बनाती है।
सिंह और कुंभ
अग्नि और वायु का यह मेल विरोधाभासी होते हुए भी बहुत शक्तिशाली होता है। सिंह राशि के जातक को सम्मान और ध्यान चाहिए, जो कुंभ राशि अपनी बौद्धिक क्षमता से बखूबी दे पाती है। कुंभ की नवीनता सिंह के उत्साह को कभी कम नहीं होने देती। जैसे शिव अपनी मर्यादा में रहते हैं और पार्वती अपनी शक्ति में, वैसे ही ये दोनों एक-दूसरे की व्यक्तिगत पहचान को बनाए रखते हुए साथ चलते हैं।
