Edited By Mehak,Updated: 05 Apr, 2026 01:48 PM

मिडिल ईस्ट में जारी युद्ध के 37 दिन में सोना और चांदी की कीमतों में भारी गिरावट आई है। चांदी का भाव 50,000 रुपये प्रति किलो घटकर 2,32,600 रुपये पर आ गया है, जबकि 10 ग्राम सोने का भाव 16,000 रुपये कम होकर 1,49,650 रुपये पर पहुंच गया है। मजबूत डॉलर और...
नेशनल डेस्क : मिडिल ईस्ट में युद्ध जारी है और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को 48 घंटे का नया अल्टीमेटम दिया है, लेकिन ईरान हार मानने को तैयार नहीं है। स्थिति के कारण न केवल क्षेत्र में तनाव बढ़ा है, बल्कि वैश्विक शेयर बाजारों में भी उथल-पुथल देखने को मिल रही है।
सोना-चांदी का बड़ा गिरावट वाला दौर
युद्ध के बीच सुरक्षित निवेश माने जाने वाले सोना और चांदी की कीमतों में भारी गिरावट आई है। 28 फरवरी से लेकर अब तक चांदी के दाम 50,000 रुपये प्रति किलो से अधिक घट चुके हैं, जबकि सोने का भाव भी 16,000 रुपये प्रति 10 ग्राम तक कम हुआ है।
चांदी में भारी क्रैश
मिडिल ईस्ट युद्ध शुरू होने के बाद चांदी की कीमत में तेज गिरावट आई है। 28 फरवरी को MCX पर चांदी का वायदा भाव 2,82,644 रुपये प्रति किलो था। 2 अप्रैल तक यह घटकर 2,32,600 रुपये पर बंद हुआ। इस तरह चांदी युद्ध के दौरान लगभग 50,044 रुपये प्रति किलो सस्ती हो गई है। हाई लेवल की तुलना करें तो चांदी अब 2.06 लाख रुपये से ज्यादा कम कीमत पर मिल रही है।
सोने की कीमतों में भारी गिरावट
सोने का भाव भी युद्ध के दौरान काफी गिरा है। 27 फरवरी को 10 ग्राम 24 कैरेट गोल्ड का वायदा भाव 1,65,659 रुपये था, जबकि अब यह 1,49,650 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गया है। MCX पर सोने का हाई लेवल 2,02,984 रुपये था, जिससे अब तक यह 53,334 रुपये सस्ता हो चुका है।
सोना-चांदी में गिरावट के कारण
हालांकि युद्ध और भू-राजनीतिक तनाव आमतौर पर सोने की कीमत बढ़ाते हैं, इस बार कीमतें गिरने के पीछे कई कारण हैं:
1. क्रूड ऑयल के दाम और महंगाई : होर्मुज तनाव के कारण Crude Oil Price 110 डॉलर प्रति बैरल के आस-पास है, जिससे वैश्विक महंगाई बढ़ रही है और निवेशक कैश को प्राथमिकता दे रहे हैं।
2. मजबूत डॉलर : युद्ध के बीच डॉलर की मांग बढ़ी और यह लगातार मजबूत हुआ। मजबूत डॉलर सोने की कीमतों में तेजी को रोक रहा है।
3. सुरक्षित निवेश में बदलाव : निवेशक युद्ध के बीच भी कैश और डॉलर को प्राथमिकता दे रहे हैं, जिससे कीमती धातुओं की मांग में कमी आई है।