Cancer Awareness : डॉक्टरों ने बताया ये 10 चीजें हैं कैंसर होने की सबसे बड़ी वजह, गलती से भी मत करें ये गलतियां

Edited By Updated: 09 Feb, 2026 03:53 PM

doctors have identified these 10 things as the biggest causes of cancer

कैंसर दुनिया की दूसरी सबसे गंभीर बीमारी है, जिसमें असामान्य कोशिकाएं तेजी से बढ़कर ट्यूमर बना देती हैं और स्वस्थ कोशिकाओं को नुकसान पहुंचाती हैं। इसके प्रमुख कारण हैं तंबाकू, शराब, सुपारी, लाल मीट, बार-बार गर्म किया खाना, बार्बिक्यू फूड, हॉट...

नेशनल डेस्क : दुनियाभर में कैंसर दूसरी सबसे गंभीर बीमारी है, जो लाखों लोगों की जान ले लेती है। यह तब होता है जब शरीर में असामान्य कोशिकाएं तेजी से बढ़ने लगती हैं। ये कोशिकाएं सामान्य और स्वस्थ कोशिकाओं को नुकसान पहुंचाती हैं और ट्यूमर के रूप में शरीर के अन्य हिस्सों में फैल सकती हैं।

कैंसर के अलग-अलग प्रकार अलग-अलग कारणों से हो सकते हैं, लेकिन हमारी रोज़मर्रा की आदतें और खान-पान इसे बढ़ावा दे सकते हैं। सर्जिकल ओन्कोलॉजिस्ट के अनुसार, कुछ चीजें कैंसर के जोखिम को बढ़ाती हैं।

कैंसर होने के प्रमुख कारण

1. तंबाकू और धूम्रपान – कैंसर का सबसे बड़ा कारण माना जाता है।

2. अत्यधिक शराब का सेवन – इससे कई प्रकार के कैंसर होने का खतरा बढ़ता है।

यह भी पढ़ें - इस वरिष्ठ नेता की बिगड़ी तबीयत, पुणे के अस्पताल में भर्ती

3. सुपारी – अक्सर चबाने वाले सुपारी में कैंसर पैदा करने वाले तत्व होते हैं।

4. लाल मीट – अधिक मात्रा में लाल मीट का सेवन स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है।

5. बार-बार गर्म किया हुआ खाना – खाना जब बार-बार गर्म किया जाता है तो उसमें हानिकारक तत्व बन सकते हैं।

6. चार्ड या बार्बिक्यू फूड – इससे भी शरीर में कैंसर के कारक तत्व बन सकते हैं।

7. अत्यधिक गर्म पेय (हॉट बेवरेजेस) – बहुत ज्यादा गरम चाय या कॉफी का सेवन भी नुकसान पहुंचा सकता है।

8. एफलैटॉक्सिन्स – खराब मेवे, अनाज या अन्य खाद्य पदार्थों में पाए जाने वाले हानिकारक फफूंदी तत्व।

9. आर्टिफिशियल कलर्स – खाने में रंग डालने वाले रसायन कैंसर का जोखिम बढ़ा सकते हैं।

10. प्रोसेस्ड मीट – सॉसेज, हॉट डॉग जैसी प्रोसेस्ड मीट का अधिक सेवन हानिकारक हो सकता है।

कैंसर के आम लक्षण

कैंसर का समय पर पता लगाना बहुत जरूरी है। इसके कुछ शुरुआती संकेत हैं 

  • थकान – शरीर में लगातार कमजोरी और थकान महसूस होना।
  • गांठ बनना – त्वचा पर या अंदर अचानक गांठ का उभरना।
  • त्वचा का रंग बदलना – त्वचा पीली या लाल दिखाई देना।
  • बाउल मूवमेंट में बदलाव – मलत्याग या पेशाब करने की आदतों में अचानक बदलाव।
  • तिल या मस्सा – अचानक नया तिल या मस्सा उभरना, जो आकार में असामान्य हो।
  • आवाज में बदलाव – आवाज में बदलाव या हवा निकलती आवाज जैसी समस्या।
  • खून निकलना या चोट लगना – बिना कारण चोट लगना या खरोंच आना।

जोखिम वाले कारक

कुछ लोगों में कैंसर का खतरा अधिक होता है। इसमें शामिल हैं 

  1. उम्र – 65 वर्ष और उससे अधिक उम्र के लोग।
  2. धूम्रपान और शराब का सेवन – नियमित उपयोग करने वाले।
  3. परिवार में इतिहास – अगर परिवार में किसी को पहले कैंसर हुआ हो।
  4. हानिकारक रसायनों का संपर्क – केमिकल्स, पेस्टिसाइड या औद्योगिक रसायनों से प्रभावित लोग।

Related Story

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!