Edited By Mehak,Updated: 27 Feb, 2026 12:37 PM

सऊदी अरब ने भारत, बांग्लादेश और 38 अन्य देशों से पोल्ट्री और टेबल अंडों के आयात पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। सऊदी प्रशासन ने यह कदम बर्ड फ्लू और खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उठाया है। हालांकि हीट-ट्रीटेड या प्रमाणित सुरक्षित उत्पादों को छूट...
नेशनल डेस्क : खाड़ी देश सऊदी अरब ने खाद्य सुरक्षा को लेकर बड़ा कदम उठाया है। देश ने 40 देशों से पोल्ट्री उत्पादों और टेबल अंडों के आयात पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया है। यह फैसला नागरिकों के स्वास्थ्य की सुरक्षा और घरेलू बाजार में सुरक्षित खाद्य आपूर्ति सुनिश्चित करने के उद्देश्य से लिया गया है।
किसने लिया फैसला?
यह निर्णय Saudi Food and Drug Authority (SFDA) की सिफारिश पर लागू किया गया है। अधिकारियों के अनुसार, यह कदम एहतियात के तौर पर उठाया गया है और वैश्विक स्वास्थ्य स्थिति तथा महामारी संबंधी अपडेट के आधार पर समय-समय पर इसकी समीक्षा की जाएगी।
किन देशों पर लगा बैन?
प्रतिबंधित देशों में शामिल हैं :
- बांग्लादेश
- अफगानिस्तान
- अजरबैजान
- जर्मनी
- इंडोनेशिया
- ईरान
- बोस्निया और हर्जेगोविना
- बुल्गारिया
- ताइवान
- जिबूती
- साउथ अफ्रीका
- चीन
- इराक
- घाना
- फिलिस्तीन
- वियतनाम
- कंबोडिया
- कज़ाकिस्तान
- कैमरून
- साउथ कोरिया
- नॉर्थ कोरिया
- लाओस
- लीबिया
- म्यांमार
- यूनाइटेड किंगडम
- मिस्र
- मेक्सिको
- मंगोलिया
- नेपाल
- नाइजर
- नाइजीरिया
- भारत
- हांगकांग
- जापान
- बुर्किना फासो
- सूडान
- सर्बिया
- स्लोवेनिया
- सी ते डी'आइवर
- मोंटेनेग्रो
इसके अलावा 16 अन्य देशों के कुछ विशेष क्षेत्रों पर भी आंशिक प्रतिबंध लगाया गया है। कुछ देशों पर यह पाबंदी वर्ष 2004 से लागू बताई जा रही है, हालांकि उन देशों के नाम सार्वजनिक नहीं किए गए हैं।
क्यों लगाया गया प्रतिबंध?
सऊदी अधिकारियों के अनुसार, यह फैसला बर्ड फ्लू (Avian Influenza) के संभावित खतरे को देखते हुए लिया गया है। हाल के वैश्विक स्वास्थ्य आंकड़ों और महामारी संबंधी रिपोर्टों में कुछ देशों में संक्रमण के मामलों की पुष्टि के बाद एहतियाती कदम के तौर पर यह बैन लागू किया गया। हालांकि, उन पोल्ट्री उत्पादों को इस प्रतिबंध से छूट दी गई है जो हीट-ट्रीटेड (उच्च तापमान पर संसाधित) हैं या वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित सुरक्षित प्रक्रियाओं से गुजरे हैं। ऐसे उत्पादों को स्वास्थ्य मानकों के अनुरूप सुरक्षित माना जाता है।
भारत पर कितना असर?
भारतीय पोल्ट्री विशेषज्ञों का मानना है कि इस फैसले का भारत पर सीमित प्रभाव पड़ेगा। वजह यह है कि सऊदी अरब, भारत के कुल पोल्ट्री निर्यात में बड़ा हिस्सा नहीं रखता। इसलिए घरेलू बाजार या निर्यात उद्योग पर व्यापक असर की संभावना कम है।
बांग्लादेश के लिए बड़ा झटका
दूसरी ओर, बांग्लादेश जैसे देशों के लिए यह फैसला चुनौतीपूर्ण साबित हो सकता है। बांग्लादेश की पोल्ट्री निर्यात इंडस्ट्री उभरती हुई है और सऊदी बाजार उसके लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। पूर्ण प्रतिबंध से वहां के निर्यातकों और किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।
अब आगे क्या होगा?
सऊदी प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह निर्णय स्थायी नहीं है। वैश्विक स्वास्थ्य स्थिति में सुधार होने और जोखिम कम होने पर प्रतिबंधों की समीक्षा की जाएगी। फिलहाल सऊदी अरब ने खाद्य सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए यह सख्त कदम उठाया है।