Edited By Niyati Bhandari,Updated: 21 Feb, 2022 10:00 AM

उत्तर प्रदेश के चुनावों में श्रीराम मंदिर और उसका निर्माण एक अहम मुद्दा हमेशा से रहा है। लगभग एक माह पहले अयोध्या श्रीराम जन्म भूमि पर तैयार हो रहे राम मंदिर के निर्माण की झलक को साझा
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नई दिल्ली (नवोदय टाइम्स): उत्तर प्रदेश के चुनावों में श्रीराम मंदिर और उसका निर्माण एक अहम मुद्दा हमेशा से रहा है। लगभग एक माह पहले अयोध्या श्रीराम जन्म भूमि पर तैयार हो रहे राम मंदिर के निर्माण की झलक को साझा करने के बाद यूपी चुनाव के दौरान मंदिर की भव्यता को अब थ्री डी वीडियो के जरिये दर्शाया गया है। सोशल मीडिया पर इस वीडियो को करीब एक सप्ताह के भीतर 298.2 हजार बार देखा व पसंद किया गया है।
मजेदार बात यह है कि छह मिनट के इस वीडियो में अयोध्या की सैटेलाइट इमेज को दिखाते हुए श्रीराम मंदिर के पूरा होने पर गर्भ गृह से लेकर पूरा मंदिर परिसर किस तरह से नजर आएगा, यह सब कुछ इस वीडियो में दिखाया है। वीडियो को श्रीराम जन्म भूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की अधिकारिक साइट पर भी अपलोड किया गया है। साथ ही सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफार्म पर भी यह है। वीडियो में श्रीराम मंदिर के फर्श से लेकर छत की खूबसूरत डिजाइन को भी दिखाया गया है। पिलर और दीवारों पर डिजाइन व देवी देवताओं की मूर्तियों को भी दिखाया है। वीडियो के अंत में सूर्यवंशी श्रीराम का चित्र और सूर्यदेव को अलग अंदाज में दर्शाया है। हालांकि मंदिर के निर्माण और उसके कार्य पूर्ण होने के समय के आधार पर मंदिर निर्माण का राजनीतिकरण से साफ इंकार किया जा रहा है। लेकिन वीडियो लांचिंग के समय और चुनाव को लेकर जारी उठा-पटक के बीच कई तरह की चर्चाओं को देखते हुए राजनीतिक जानकार मान रहे हैं कि चुनाव में इसका असर अवश्य ही जनमानस पर पड़ेगा।
वैसे मंदिर निर्माण से जुड़े विश्व हिंदू परिषद एवं मंदिर ट्रस्ट के एक पदाधिकारी ने कहा कि हर कार्य को राजनीति से जोड़कर देखना उचित नहीं है। क्योंकि श्रीराम किसी एक धर्म के नहीं बल्कि घट-घटवासी हैं, ऐसे में उनके मंदिर के निर्माण को भी धर्म, राजनीति से परे हटकर ही देखना उचित है। उन्होंने कहा कि 2023 तक मंदिर को पूरी तरह से तैयार करने का लक्ष्य है। दिसंबर 2022 तक गर्भ गृह में श्रद्धालुजन रामलला का दर्शन कर सकेंगे, इसके लिए निर्माण लगातार जारी है।
गौरतलब है कि इससे पहले 13 जनवरी को श्रीराम मंदिर के निर्माण और उसके लिए अपनाई जा रही तकनीक को भी ट्रस्ट ने थ्री डी वीडियो बनाकर पेश किया था।