Edited By Sahil Kumar,Updated: 13 Oct, 2025 09:22 PM

अमेरिका-चीन के बढ़ते तनाव और वैश्विक अनिश्चितता के बीच 13 अक्टूबर को एमसीएक्स पर सोना 1.62% बढ़कर 1,23,313 रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी 3.44% बढ़कर 1,51,577 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंची। वैश्विक स्तर पर सोना $4,060 और चांदी $51 प्रति औंस के करीब...
नेशनल डेस्कः अमेरिका और चीन के बीच बढ़ते व्यापारिक तनाव और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं के बीच सोने और चांदी की कीमतों में लगातार तेजी देखी जा रही है। सोमवार, 13 अक्टूबर को एमसीएक्स पर सोना और चांदी दोनों ही ऊंचे स्तर पर कारोबार कर रहे थे। वैश्विक बाजारों में भी हाजिर सोना रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गया है, जिससे निवेशकों का रुझान सुरक्षित संपत्तियों की ओर बढ़ता दिख रहा है।
सुबह 9:00 बजे, एमसीएक्स पर दिसंबर डिलीवरी वाला सोना वायदा 1.62% की बढ़त के साथ 1,23,313 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार करता देखा गया। वहीं, चांदी दिसंबर वायदा 3.44% उछलकर 1,51,577 रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर पर पहुंच गई।
वैश्विक बाजार में भी रिकॉर्ड तेजी
अंतरराष्ट्रीय बाजार में शुक्रवार को हाजिर सोना रिकॉर्ड स्तर 4,060 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया। यह लगातार आठवां सप्ताह है जब सोने में बढ़त दर्ज की गई है। इसी दौरान, चांदी भी 1.1% बढ़कर 51 डॉलर प्रति औंस के करीब पहुंच गई।
अमेरिका-चीन व्यापार विवाद फिर गर्माया
रविवार को चीन ने अमेरिका से नए टैरिफ लगाने की धमकियों को समाप्त करने और बातचीत फिर से शुरू करने की अपील की। साथ ही चेतावनी दी कि अगर अमेरिका अतिरिक्त कदम उठाता है, तो चीन भी जवाबी कार्रवाई करेगा। हालांकि, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने पहले के आक्रामक रुख के मुकाबले अब कुछ नरम बयान दिए हैं। उन्होंने पहले चीनी वस्तुओं पर 100% टैरिफ लगाने की चेतावनी दी थी।
भारतीय बाजार में दीवाली का असर
इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन की उपाध्यक्ष और एस्पेक्ट ग्लोबल वेंचर्स की कार्यकारी अध्यक्ष अक्षा कंबोज ने कहा, “राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा 1 नवंबर से चीनी वस्तुओं पर 100% प्रतिशोधात्मक शुल्क लगाने के फैसले पर बाजार की पैनी नजर बनी रहेगी। यह फैसला सोने की कीमतों को प्रभावित करने वाला एक प्रमुख कारक हो सकता है। इसके अलावा, अमेरिकी सरकार के शटडाउन को लेकर अनिश्चितता भी निवेशकों को सुरक्षित संपत्तियों की ओर मोड़ सकती है। घरेलू स्तर पर, आगामी दिवाली त्योहार के कारण भी सोने की मांग में इजाफा देखने को मिल सकता है।”
क्या यह खरीदने या बेचने का समय है?
रिलायंस सिक्योरिटीज के वरिष्ठ शोध विश्लेषक जिगर त्रिवेदी के अनुसार, अमेरिका-चीन तनाव और वैश्विक अनिश्चितता के चलते निवेशक सुरक्षित विकल्पों की ओर रुख कर रहे हैं, जिससे सोने की कीमतों को समर्थन मिल रहा है। अमेरिकी सरकार के बंद होने से बाजार में घबराहट और बढ़ गई है, और कई आर्थिक संकेतकों की गैरमौजूदगी ने अनिश्चितता को और बढ़ाया है।