Edited By Anu Malhotra,Updated: 05 Jan, 2026 09:42 AM

अचानक मौतें कभी भी आ सकती हैं, लेकिन सवाल यह है कि ये सबसे ज़्यादा कब होती हैं – रात, सुबह, सर्दी या गर्मी में? AIIMS और ICMR की नई स्टडी ने इस पर चौंकाने वाले तथ्य सामने लाए हैं। AIIMS और ICMR की हालिया स्टडी में खुलासा हुआ है कि अचानक होने वाली...
नेशनल डेस्क: अचानक मौतें कभी भी आ सकती हैं, लेकिन सवाल यह है कि ये सबसे ज़्यादा कब होती हैं – रात, सुबह, सर्दी या गर्मी में? AIIMS और ICMR की नई स्टडी ने इस पर चौंकाने वाले तथ्य सामने लाए हैं। AIIMS और ICMR की हालिया स्टडी में खुलासा हुआ है कि अचानक होने वाली मौतें साल के किसी भी मौसम में लगभग समान रूप से होती हैं। अध्ययन में देखा गया कि मौतों का 20.9% हिस्सा मई से जुलाई के बीच, 31% अगस्त से अक्टूबर में, 27.8% नवंबर से जनवरी के दौरान और 19.1% फरवरी से अप्रैल में हुआ।
मौत का समय भी महत्वपूर्ण पाया गया: 40.1% मामले रात या सुबह के समय हुए।
वहीं, स्थान की बात करें तो 55% मौतें घर पर हुईं और करीब 30.2% मौतें यात्रा के दौरान दर्ज की गईं।
अचानक मौत का पैमाना
स्टडी के अनुसार, यदि किसी व्यक्ति की मौत किसी लक्षण के शुरू होने के 1 घंटे के भीतर हो जाए, या अगर कोई गवाह न हो तो आखिरी बार जिंदा देखे जाने के 24 घंटे के भीतर मृत्यु हो जाए, तो इसे अचानक मौत माना जाता है। पहले इसे मुख्य रूप से बुजुर्गों से जोड़ा जाता था, लेकिन अब यह खतरा युवाओं में भी बढ़ गया है।
मई 2023 से अप्रैल 2024 तक AIIMS दिल्ली में 2,214 पोस्टमार्टम किए गए, जिनमें 180 अचानक मौत के मामले शामिल थे। इनमें से 58% मामले 18-45 साल के युवाओं में थे। औसत उम्र लगभग 33 साल पाई गई और पुरुषों की संख्या महिलाओं की तुलना में चार गुना ज्यादा थी।
मौसमी पैटर्न की बात करें तो मौतें सभी मौसम में लगभग समान रूप से पाई गईं: मई-जुलाई में 20.9%, अगस्त-अक्टूबर में 31%, नवंबर-जनवरी में 27.8%, और फरवरी-अप्रैल में 19.1%। 40.1% मौतें रात या सुबह के समय हुईं, जबकि 55% मौतें घर में और 30.2% यात्रा के दौरान हुईं।
लक्षण और कारण
अचानक मौत से पहले आमतौर पर लोग बेहोशी, सीने में दर्द, उल्टी या पेट दर्द, सांस लेने में तकलीफ और बेचैनी जैसे लक्षण अनुभव करते हैं। अध्ययन में अधिकांश मौतों का कारण दिल की छुपी हुई बीमारियां पाई गईं, जैसे जन्मजात हृदय दोष, हार्ट मसल की कमजोरी, या दिल की धड़कन संबंधी गड़बड़ियां। कुछ लोगों को डायबिटीज या हाई ब्लड प्रेशर था, लेकिन अधिकांश पूरी तरह स्वस्थ दिख रहे थे।